लोकतंत्र में चुनाव केवल प्रतिनिधियों को चुनने की प्रक्रिया नहीं, बल्कि जनता की इच्छा को सरकार और संसद तक पहुंचाने का माध्यम है। भारत जैसे विशाल लोकतंत्र में, जहां करोड़ों मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करते हैं, वहां चुनावों का स्वतंत्र, निष्पक्ष और पारदर्शी होना बेहद महत्वपूर्ण है। लेकिन चुनाव की तारीखें कौन तय करता है? मतदाता सूची कौन तैयार करवाता है?